मनोज सिन्हा
धनबाद : जिला प्रशासन धनबाद ने खरीफ मौसम 2026 के लिए संचालित बिरसा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार की शुरुआत कर दी है। गुरुवार को समाहरणालय परिसर से उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन ने जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर जिले के विभिन्न प्रखंडों और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए रवाना किया।
इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन का लक्ष्य जिले के प्रत्येक ऋणी और गैर-ऋणी किसान तक इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने बताया कि जागरूकता रथ अधिसूचित ग्राम पंचायतों का भ्रमण कर किसानों को मात्र एक रुपये के टोकन शुल्क पर फसल बीमा कराने की प्रक्रिया और उसके लाभों की जानकारी देगा।
उपायुक्त ने बताया कि योजना के तहत किसानों को फसल बीमा के लिए केवल ₹1 का टोकन शुल्क देना होगा। इसके अलावा किसी प्रकार का अतिरिक्त प्रीमियम या शुल्क नहीं लिया जाएगा। धनबाद जिले में खरीफ 2026 के लिए अगहनी धान और भदई मकई को अधिसूचित फसलों में शामिल किया गया है। अगहनी धान के लिए ₹76,228 प्रति हेक्टेयर तथा भदई मकई के लिए ₹53,467 प्रति हेक्टेयर तक की बीमित राशि निर्धारित की गई है।
योजना के तहत आवेदन के लिए बैंक पासबुक की छायाप्रति, भूमि स्वामित्व संबंधी दस्तावेज या वंशावली, बटाईदार होने की स्थिति में बटाई प्रमाण पत्र, फसल बुवाई का स्व-सत्यापित प्रमाण पत्र, आधार कार्ड और मोबाइल नंबर आवश्यक होंगे।
किसान अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी), राष्ट्रीयकृत, क्षेत्रीय ग्रामीण या जिला सहकारी बैंक शाखा, PMFBY पोर्टल अथवा क्रॉप इंश्योरेंस ऐप के माध्यम से योजना में नामांकन करा सकते हैं। प्राकृतिक आपदा, प्रतिकूल मौसम या फसल कटाई के बाद नुकसान होने की स्थिति में किसान 72 घंटे के भीतर टोल फ्री हेल्पलाइन 14447 पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
उपायुक्त ने कृषि एवं सहकारिता विभाग के अधिकारियों को पंचायत स्तर पर जनप्रतिनिधियों के सहयोग से अधिक से अधिक किसानों का पंजीकरण सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया, ताकि प्राकृतिक आपदाओं के समय किसानों को आर्थिक सुरक्षा मिल सके।
इस अवसर पर जिला आपूर्ति पदाधिकारी पंकज कुमार, जिला सहकारिता पदाधिकारी वेद प्रकाश, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी सुनिल कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।




