विलियम जैकब
गिरिडीह : जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं में कथित धांधली की सीबीआई जांच कराने तथा छात्र आंदोलन के दौरान छात्रों और युवाओं पर दर्ज एफआईआर वापस लेने की मांग को लेकर भाजपा ने शनिवार को गिरिडीह में जोरदार आंदोलन किया। पार्टी कार्यकर्ताओं और युवाओं ने उपायुक्त कार्यालय का घेराव कर सरकार के सामने छात्र हित से जुड़ी मांगें प्रमुखता से रखीं।
कार्यक्रम की शुरुआत गिरिडीह स्टेडियम से हुई। मूसलाधार बारिश के बावजूद सैकड़ों की संख्या में युवा, विद्यार्थी और भाजपा कार्यकर्ता आक्रोश मार्च निकालते हुए समाहरणालय पहुंचे। हाथों में विभिन्न मांगों से जुड़ी तख्तियां लिए प्रदर्शनकारियों ने जोरदार नारेबाजी की और उपायुक्त कार्यालय का घेराव किया।
आंदोलन का नेतृत्व झारखंड के प्रथम मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, डॉ. रविन्द्र राय, विधायक नागेंद्र महतो और डॉ. मंजू देवी ने किया। घेराव कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाबूलाल मरांडी ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता बेहद जरूरी है। उन्होंने कथित गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
मरांडी ने छात्र आंदोलन के दौरान प्रदर्शन करने वाले छात्रों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि छात्रों को राहत मिलनी चाहिए और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।
घेराव कार्यक्रम के बाद भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नाम ज्ञापन लेकर सदर एसडीएम के पास पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल ने परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच सीबीआई से कराने और छात्रों तथा युवाओं पर दर्ज एफआईआर तत्काल वापस लेने की मांग दोहराई।
इस मौके पर पूर्व आईजी लक्ष्मण सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष मुनिया देवी, पूर्व विधायक लक्ष्मण स्वर्णकार, महानगर जिलाध्यक्ष रंजीत राय, ग्रामीण जिलाध्यक्ष महेंद्र वर्मा, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य सुरेश साव, दिलीप वर्मा, चुन्नूकांत, महादेव दुबे, सुनील पासवान, प्रकाश सेठ, मिथुन चंद्रवंशी, संजीव सिंह गुड्डू, प्रोफेसर विनीता कुमारी और संगीता सेठ समेत सैकड़ों नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।



