विलियम जैकब
तिसरी/गिरिडीह : अंचल के सिंघो पंचायत अंतर्गत ग्राम ककनी के टोला बलियारी में करीब 1 किलोमीटर लंबे ककनी-बलियारी पीसीसी पथ पर कथित अतिक्रमण और दूषित पानी बहाए जाने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद गहराता जा रहा है। लक्षमानिया, बर्गहिया और धमौता गांवों को जोड़ने वाले इस प्रमुख मार्ग से रोजाना करीब 2,000 लोगों का आवागमन होता है। सड़क की स्थिति को लेकर ग्रामीणों में लगातार नाराजगी बढ़ रही है।
मामले को लेकर हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदायों के ग्रामीणों ने एकजुट होकर अंचल अधिकारी और थाना प्रभारी को संयुक्त आवेदन सौंपा है। आवेदन पर अनवर अली, कर्मवीर यादव, मो. सत्तार, अशोक विश्वकर्मा, पूर्व मुखिया सुरेश यादव, शंकर यादव, राजकुमार यादव, अमित कुमार, बिनोद यादव, रूपेश बरनवाल, अजय यादव, गौरी देवी, सविता देवी और मंजू समेत 100 से अधिक ग्रामीणों के हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि सरकारी सर्वे नक्शे में रास्ते की चौड़ाई 40 फीट दर्ज है, लेकिन वर्तमान में यह मार्ग सिमटकर महज 12 फीट रह गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष के रफीक मियां द्वारा सड़क पर करीब 3 फीट ऊंची मिट्टी डाली जा रही है। इससे बारिश और घरों से निकलने वाला दूषित पानी सड़क पर जमा होकर कीचड़ और दुर्गंध की स्थिति पैदा कर रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय तक गंदा पानी जमा रहने से बीमारी फैलने की आशंका भी बनी हुई है। इस समस्या को लेकर करीब 3 से 4 महीने पहले शिकायत की गई थी, लेकिन अब तक अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले का जल्द समाधान कराने और सड़क को अतिक्रमणमुक्त कराने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो सड़क पर गिट्टी गिराकर पानी का बहाव रोक दिया जाएगा। इसके बाद ग्रामीण चक्का जाम कर प्रखंड मुख्यालय में धरना देने को मजबूर होंगे।
ग्रामीणों ने प्रशासन से दोनों पक्षों के बीच बढ़ते तनाव को देखते हुए समय रहते हस्तक्षेप करने और सड़क की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है।



