विलियम जैकब
गिरिडीह : जिले के तिसरी थाना क्षेत्र के मंझीलाडीह गांव में शुक्रवार रात अवैध बालू उठाव के दौरान एक नाबालिग बिजली के नंगे तार की चपेट में आकर गंभीर रूप से झुलस गया। भंडारी कठाराटांड निवासी बालेश्वर साव का 16 वर्षीय पुत्र एजेंटू कुमार कथित तौर पर रात के अंधेरे में मंझीलाडीह नदी से अवैध बालू लोड करने गया था। इसी दौरान ग्रामीणों ने बालू उठाव कर रहे युवकों को खदेड़ना शुरू कर दिया।
ग्रामीणों से बचकर भागने के क्रम में एजेंटू खेत के किनारे जंगली सुअरों के शिकार के लिए बिछाए गए बिजली के नंगे तार की चपेट में आ गया। हादसे में उसके दोनों पैर बुरी तरह झुलस गए और शरीर पर भी कई गंभीर जख्म आए। उसके साथ भाग रहे दो अन्य युवकों को भी बिजली का झटका लगने की बात सामने आई है।
घटना के बाद तार में युवक के फंसे होने की जानकारी मिलने पर कथित तौर पर बालू उठाव से जुड़े लोगों ने विद्युत कार्यालय में फोन कर बिजली आपूर्ति बंद करवाई। समय रहते बिजली काटे जाने से एक बड़ी अनहोनी टलने की बात कही जा रही है।
घायल एजेंटू को परिजन तत्काल तिसरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। वहां डॉ. जैनेन्द्र, सीएचओ पुखराज और स्वास्थ्यकर्मी अनूप ने प्राथमिक उपचार किया। हालत गंभीर होने के कारण चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। हालांकि, आर्थिक स्थिति खराब होने के कारण परिजन उसे बाहर इलाज के लिए नहीं ले जा सके। परिजनों के अनुसार, घायल नाबालिग करीब आठ घंटे तक तिसरी अस्पताल में ही इलाज के इंतजार में रहा।
परिजनों ने बताया कि आर्थिक मदद के लिए ट्रैक्टर मालिकों से संपर्क किया गया, लेकिन कथित तौर पर उन्होंने मदद से इनकार कर दिया। एजेंटू के पिता बालेश्वर साव ने स्थानीय विनोद यादव और महेश यादव के पुत्रों पर बहला-फुसलाकर उनके बेटे को अवैध बालू उठाव के काम में ले जाने का आरोप लगाया है।
घटना के बाद खेत के किनारे जंगली सुअरों के शिकार के लिए बिछाए गए बिजली के तारों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। मामले की सूचना तिसरी पुलिस को दे दी गई है। पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच में जुटी है।



