दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और कार्यकाल के 25 वर्ष पूरे होने के संदर्भ में आयोजित जोहार अभिनंदन वंदन यात्रा के प्रचार-प्रसार के लिए भाजपा सांसद एवं भोजपुरी अभिनेता मनोज तिवारी और अभिनेत्री सौंदर्या शर्मा गिरिडीह पहुंचे थे। कार्यक्रम के तहत शहर में रोड शो आयोजित करने की योजना थी। भाजपा नेताओं का कहना है कि इसके लिए प्रशासन से पहले अनुमति मिल गई थी, लेकिन कार्यक्रम शुरू होने के ठीक पहले अनुमति निरस्त कर दी गई।
रोड शो रद्द होने पर झंडा मैदान में नुक्कड़ सभा
रोड शो की अनुमति रद्द होने के बाद भाजपा नेताओं ने झंडा मैदान में नुक्कड़ सभा आयोजित कर विरोध दर्ज कराया। इस दौरान नेताओं ने सभा के माध्यम से लोगों को संबोधित किया और प्रशासन के फैसले पर नाराजगी जताई। भाजपा नेताओं ने अनुमति निरस्त किए जाने की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक गतिविधियों में बाधा डालने वाला कदम बताया।
प्रेसवार्ता में सरकार और प्रशासन पर लगाए आरोप
मामले को लेकर विनोद सिन्हा ने प्रेसवार्ता कर जिला प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार के दबाव में रोड शो की अनुमति रद्द की गई। उन्होंने पूर्व में बाबा बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के कार्यक्रम की अनुमति को लेकर सामने आए विवाद का भी उल्लेख किया।
विनोद सिन्हा ने कहा कि वह इस मामले में चुप नहीं बैठेंगे और जल्द ही न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे। उन्होंने अनुमति रद्द करने के फैसले को कानूनी तरीके से चुनौती देने की बात कही। हालांकि, प्रशासन की ओर से इस कार्रवाई के कारणों को लेकर आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
प्रेसवार्ता में भाजपा नेता रहे मौजूद
प्रेसवार्ता के दौरान भाजपा नेता नवीन सिन्हा, पूर्व नगर अध्यक्ष हरबिंदर सिंह बग्गा, प्रकाश श्रीवास्तव, रितेश सिन्हा, पूर्व मुखिया मनोज शर्मा समेत कई अन्य लोग मौजूद थे। नेताओं ने रोड शो की अनुमति रद्द किए जाने पर अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
फिलहाल, गिरिडीह में रोड शो की अनुमति रद्द किए जाने का मामला राजनीतिक चर्चा का विषय बना हुआ है। भाजपा नेता इसे लेकर प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं और कानूनी कार्रवाई की तैयारी की बात कह रहे हैं। वहीं, जिला प्रशासन का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद अनुमति रद्द करने के कारणों पर स्थिति अधिक स्पष्ट हो सकेगी।




