संजय कुमार सिंह की रिपोर्ट
समस्तीपुर : प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत चल रहे Awas Plus 2024 सर्वेक्षण में कथित अनियमितताओं का मामला सामने आया है। विभूतिपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक अजय कुमार ने इस संबंध में भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्री को पत्र भेजकर सर्वे से छूटे वास्तविक पात्र परिवारों को सूची में शामिल करने के लिए एक और अवसर देने की मांग की है।
विधायक ने पत्रांक 135/26, दिनांक 25/09/2026 के माध्यम से अपनी मांग रखते हुए कहा कि बिहार में हजारों गरीब और भूमिहीन परिवार आज भी पक्के आवास से वंचित हैं। इनमें कई परिवार फूस के घरों में रहने को मजबूर हैं, जबकि उनके पास योजना का लाभ लेने के लिए निर्धारित पात्रता मानदंड मौजूद हैं।
अजय कुमार ने आरोप लगाया कि कई पंचायतों में सर्वे के लिए नियुक्त जांचकर्ता पात्र परिवारों के घर तक पहुंचे ही नहीं। कई स्थानों पर सर्वे का काम अधूरा रह गया और ग्राम पंचायत तथा ग्राम सभा की भी अपेक्षित मदद नहीं ली गई। उनका कहना है कि स्थानीय स्तर पर सहभागिता के बिना तैयार की गई सूची में वास्तविक पात्र परिवारों के नाम छूटने की आशंका है।
विधायक ने अपने पत्र में कहा कि केवल सर्वे में नाम दर्ज नहीं होने के आधार पर किसी गरीब परिवार को आवास योजना के लाभ से वंचित करना उचित नहीं है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार के बीच समन्वय स्थापित कर छूटे हुए परिवारों के लिए पुनः सर्वेक्षण का अवसर देने की मांग की।
उन्होंने यह भी आग्रह किया कि भविष्य में ग्राम सभा को सर्वेक्षण प्रक्रिया में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका और अधिकार दिए जाएं, ताकि पात्र परिवारों की पहचान स्थानीय स्तर पर बेहतर तरीके से हो सके और कोई गरीब परिवार आवास योजना के लाभ से वंचित न रह जाए।
विधायक अजय कुमार ने मामले में त्वरित कार्रवाई करने का आग्रह करते हुए कहा कि पुनः सर्वे का अवसर मिलने से उन पात्र परिवारों को योजना में शामिल होने का मौका मिल सकेगा, जो किसी कारणवश पहले सर्वेक्षण में दर्ज नहीं हो पाए।




