धनबाद। धनबाद जिला प्रशासन और बैंक ऑफ इंडिया सोशल फाउंडेशन की संयुक्त पहल से बेलगड़िया के युवाओं को अब आईआईटी (आईएसएम) में निःशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। बुधवार को आईआईटी (आईएसएम) परिसर में ‘डी-युवा’ (धनबाद यूथ अपग्रेडेशन थ्रू वोकेशनल एंड एडवांस्ड डिजिटल स्किल्स) कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर बेलगड़िया से आईआईटी (आईएसएम) तक छात्रों के लिए विशेष बस सेवा शुरू करने की भी घोषणा की गई।
कार्यक्रम का उद्घाटन उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन, वरीय पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार, उप विकास आयुक्त सन्नी राज, आईआईटी (आईएसएम) के प्रोफेसर धीरज कुमार तथा बैंक ऑफ इंडिया के जोनल मैनेजर दिनेश प्रसाद ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
उपायुक्त आदित्य रंजन ने कहा कि बेलगड़िया के युवाओं को आईआईटी (आईएसएम) जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में प्रशिक्षण दिलाने की दिशा में जिला प्रशासन पिछले एक वर्ष से प्रयासरत था। उन्होंने कहा कि भू-धंसान एवं अग्नि प्रभावित क्षेत्रों से बेलगड़िया में विस्थापित हुए युवाओं को बेहतर शिक्षा, कौशल और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में यह महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत प्रत्येक वर्ष 900 युवाओं को तीन वर्षों तक निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण युवाओं के मौजूदा ज्ञान स्तर के अनुसार शुरू होगा, ताकि प्रत्येक प्रतिभागी अपनी क्षमता के अनुरूप कौशल विकसित कर सके।
उपायुक्त ने बताया कि प्रशिक्षण में कोडिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), डेटा एंट्री एवं ऑफिस असिस्टेंट, कंप्यूटर एप्लीकेशन, डेटा साइंस, पायथन आधारित डेटा क्यूरेशन एवं एनोटेशन तथा वेब डेवलपमेंट जैसे आधुनिक विषय शामिल होंगे। आधुनिक कंप्यूटर लैब और विशेषज्ञ प्रशिक्षकों के माध्यम से युवाओं को व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे भविष्य के रोजगार के लिए तैयार हो सकें।
उन्होंने छात्रों से नियमित रूप से प्रशिक्षण में उपस्थित रहने और पूरे समर्पण के साथ कोर्स पूरा करने का आह्वान किया। साथ ही बताया कि प्रशिक्षण नेशनल स्किल्स क्वालिफिकेशन फ्रेमवर्क (एनएसक्यूएफ) के मानकों के अनुरूप संचालित होगा। यह कार्यक्रम बैंक ऑफ इंडिया सोशल फाउंडेशन की कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) योजना के तहत आयोजित किया जा रहा है, जबकि इसका संचालन एसीआईसी आईआईटी (आईएसएम) फाउंडेशन करेगा।
वरीय पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार ने कहा कि यह युवाओं के लिए एक उत्कृष्ट अवसर है। उन्होंने कहा कि देश के श्रेष्ठ संस्थान में प्रशिक्षण प्राप्त करना युवाओं के भविष्य को नई दिशा देगा और उन्हें इस अवसर का पूरा लाभ उठाना चाहिए।
कार्यक्रम को बैंक ऑफ इंडिया के जोनल मैनेजर दिनेश प्रसाद तथा आईआईटी (आईएसएम) के प्रोफेसर धीरज कुमार ने भी संबोधित किया। उन्होंने डिजिटल साक्षरता, साइबर सुरक्षा और भविष्य की तकनीकी चुनौतियों पर विस्तार से जानकारी दी।
कार्यक्रम के दौरान सहायक श्रम आयुक्त प्रवीण कुमार और एसीआईसी आईआईटी (आईएसएम) फाउंडेशन की सीईओ डॉ. आकांक्षा सिन्हा ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
इसके बाद उपायुक्त ने आधुनिक कंप्यूटर लैब का निरीक्षण किया और छात्रों से संवाद किया। उन्होंने घोषणा की कि हर बैच के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागी को कंप्यूटर या टैबलेट प्रदान किया जाएगा। साथ ही यदि प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 10 से 12 युवा आसपास के स्कूलों या कॉलेजों में अतिरिक्त प्रशिक्षण लेना चाहेंगे तो जिला प्रशासन उनके लिए नियमित समय के बाद भी विशेष कक्षाओं की व्यवस्था करेगा।
बेलगड़िया के युवाओं ने इस पहल के लिए जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि उन्हें आईआईटी (आईएसएम) जैसे देश के प्रतिष्ठित संस्थान में प्रशिक्षण लेने का अवसर मिलेगा। युवाओं और उनके अभिभावकों ने बेलगड़िया से आईआईटी (आईएसएम) तक विशेष बस सेवा शुरू करने की पहल की भी सराहना की।
कार्यक्रम में बैंक ऑफ इंडिया के डिप्टी जोनल मैनेजर अवरतनु चंदा, एलडीएम अमित कुमार, बीओआई कंबाइंड बिल्डिंग शाखा के प्रबंधक अभिजीत गुप्ता, बैंक के अन्य अधिकारी, डीएमएफटी टीम लीडर शैलेश तिवारी, बड़ी संख्या में बेलगड़िया के युवा एवं उनके अभिभावक उपस्थित थे।




