कुशीताली में 60 लाख के घोटाले की पत्रावली गायब करने वालो पर एफआईआर की मांग
गांवों में साफ सफाई नहीं होने पर बिफरे किसान नेता
अमेठी। भारतीय किसान यूनियन “भानु” (किसान क्रान्ति दल) के बैनर तले स्थानीय प्रशासन और विकास विभाग के खिलाफ भ्रष्टाचार और जनहित से जुड़ी समस्याओं को लेकर तीखा आक्रोश व्यक्त किया गया है। संगठन के तहसील अध्यक्ष शिवनाथ सिंह के नेतृत्व में खंड विकास अधिकारी अमेठी को एक ज्ञापन सौंपा गया है, जिसमें कई गंभीर मामलों की उच्चस्तरीय जांच और त्वरित कार्रवाई की मांग की गई है।
ज्ञापन के माध्यम से किसानों द्वारा आरोप लगाया गया कि ग्राम पंचायत ताला, लोहरता, दरखा और कुसीतली समेत ब्लॉक के 70% राजस्व गांवों में सफाईकर्मी बिना काम किए प्रधानों के साथ मिलकर वेतन ले रहे हैं। इसके साथ ही, कूड़ा घर का निर्माण पूरा हुए बिना ई-रिक्शा की खरीद किए जाने और देखरेख के अभाव में उनकी बैटरियों व टायरों के खराब होने का मामला भी उठाया गया है। लोहरता ग्राम पंचायत में एक दिव्यांग परिवार का शौचालय आज तक न मिलने और अहिरावल गांव में सरकारी नाली को पाट दिए जाने से उत्पन्न जलभराव की समस्या पर भी कड़ा रोष जताया गया है।
सबसे गंभीर आरोप ग्राम पंचायत कुसीतली से जुड़ा है, जहां 60 लाख रुपये से अधिक के घोटाले की पत्रावलियां जिला पंचायत कार्यालय अमेठी से गायब होने की बात सामने आई है। शिकायतकर्ता अजय मिश्रा ‘विल्सन बाबा’ के अनुसार, इस संबंध में दो बार पत्र देने के बावजूद न तो पत्रावलियां मिलीं और न ही दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई, जिस पर यूनियन ने तत्काल मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।
भारतीय किसान यूनियन भानु ने चेतावनी दी है कि यदि 15 दिनों के भीतर शिकायतकर्ताओं की उपस्थिति में निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई नहीं की गई, तो संगठन दो दिन पूर्व सूचना देकर उपजिलाधिकारी अमेठी के समक्ष धरना प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगा। ज्ञापन की प्रतिलिपि जिलाधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारी को भी प्रेषित की गई है। इस अवसर पर अजय मिश्रा बिल्सन बाबा, प्रेम शंकर द्विवेदी सहित अनेक किसान नेता उपस्थित रहे।




