धनतेरस और दीपावली को लेकर बरवाडीह बाजार में खरीदारों की आवाजाही बढ़ गई है। सुबह से ही छरी लदे भारी वाहन मुख्य सड़कों से तेज रफ्तार में गुजरते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में बाजार और सड़क पर लोगों की बढ़ती भीड़ के बीच इन वाहनों की बेलगाम रफ्तार दुर्घटना का खतरा पैदा कर रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि भारी वाहनों की आवाजाही और ओवरलोडिंग पर प्रभावी नियंत्रण जरूरी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रशिक्षु डीएसपी सह थाना प्रभारी रामलखन वर्णवाल को ओवरलोड हाइवा के परिचालन की गुप्त सूचना मिली थी। इसके बाद तत्कालीन थाना प्रभारी अनुराग कुमार और एएसआई संजय चौधरी ने कार्रवाई करते हुए दो वाहनों को पकड़ा। पकड़े गए हाइवा के नंबर BR 24G 5983 और JH 19A 9600 बताए गए हैं।
जानकारों के मुताबिक, दोनों वाहनों में निर्धारित क्षमता से करीब 10 टन अधिक छरी लदी होने की आशंका है। हालांकि, वाहनों में वास्तविक रूप से कितना अतिरिक्त भार था, इसका पता आधिकारिक वजन जांच के बाद ही चल सकेगा।
इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने परिवहन विभाग और प्रशासन की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जब त्योहार के दौरान बाजारों में आम लोगों की आवाजाही काफी बढ़ जाती है, तब भारी वाहनों की तेज रफ्तार और ओवरलोडिंग पर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर किन परिस्थितियों में ऐसे वाहन बेखौफ होकर सड़कों पर चल रहे हैं।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि केवल कभी-कभार कार्रवाई करने के बजाय नियमित जांच अभियान चलाया जाए। ओवरलोडिंग के साथ-साथ तेज रफ्तार से चलने वाले वाहनों पर भी सख्ती की जाए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले ही खतरे को रोका जा सके।



