ग्रामीण की शिकायत पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज
प्रतापगढ़। प्रदेश में टॉपर बनने का सपना देखने वाले लाखों विद्यार्थियों के बीच एक ऐसा कथित कारनामा सामने आया है, जिसने शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप है कि एक युवक ने पहले अपना नाम और जन्मतिथि बदलवाई, फिर बदले हुए दस्तावेजों के आधार पर उत्तर प्रदेश संस्कृत बोर्ड की परीक्षा देकर प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल कर लिया। मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध जालसाजी और धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आसपुर देवसरा थाना क्षेत्र के बैजलपुर गांव निवासी जगत प्रसाद ने पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि उनके परिवार का ही अजय कुमार यादव पुत्र हरीलाल यादव पहले हाईस्कूल, इंटरमीडिएट और स्नातक की परीक्षा अपने मूल नाम से उत्तीर्ण कर चुका है। इसके बाद उसने आधार कार्ड में अपना नाम बदलकर रजनीश कुमार तथा जन्मतिथि भी परिवर्तित करा ली। आरोप है कि इन्हीं बदले हुए दस्तावेजों के आधार पर उसने उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद संस्कृत बोर्ड, लखनऊ द्वारा आयोजित पूर्व मध्यमा वर्ष-2026 की परीक्षा दी और प्रदेश में प्रदेश टॉपर घोषित हुआ।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी अजय कुमार यादव के विरुद्ध जालसाजी, धोखाधड़ी एवं अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है।
इस संबंध में क्षेत्राधिकारी पट्टी प्रदीप सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर नियमानुसार आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।




